फ्यूचरस्किल्स और साइबर सिक्योरिटी का अवलोकन

परिचय

फ्यूचरस्किल्स एक इंडस्ट्री यूटिलिटी है, जो भारत को वर्तमान समय के अनुसार स्किल्स बढ़ाने और प्रौद्योगिकी क्षेत्र में स्वयं को और संगठित बनाने में सहायता करती है जिससे प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में भारत का विश्वस्तर पर नाम और प्रसिद्ध हो सके| फ्यूचरस्किल्स प्लेटफॉर्म को भविष्य की प्रौद्योगिकियों के लिए निरंतर सीखने और गहन कौशल की आवश्यकताओं के रूप में डिजाइन किया जा रहा है| फ्यूचरस्किल्स में नौ स्किल्स इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), बिग डाटा एनालिटिक्स, क्लाउड कम्प्यूटिंग, वर्चुअल रियलिटि, आर्टिफिशियल इंटेलिजेन्स, सोशल और मीडिया, ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी, 3-D प्रिंटिंग/एडिटिव मैनुफैक्चरिंग तथा रोबोटिक्स प्रोसेस ऑटोमेशन शामिल हैं|

इंटरनेट ऑफ थिंग्स (Internet of Things (IoT))

इंटरनेट ऑफ थिंग्स किसी भी डिवाइस को इंटरनेट और अन्य कनेक्टिंग डिवाइस से जोड़ने की अवधारणा है| यह विभिन्न प्रणालियों में लगे उपकरणों को इंटरनेट से जोड़ सकता है| जब उपकरण/वस्तुएँ डिजिटल रूप से अपना प्रतिनिधित्व करती है, तो उन्हें कहीं से भी नियंत्रित किया जा सकता है| इलेक्ट्रॉनिक्स, इंटरनेट केनेक्टिविटी और हार्डवेयर के अन्य रूपों के साथ जुड़ें डिवाइस, इंटरनेट पर दूसरों के साथ संवाद (Communicate) कर सकते हैं और उन्हें कहीं से भी नियंत्रित कर सकते हैं|

IoT के घटक (Components of IoT) IoT सिस्टम के महत्वपूर्ण घटक निम्न प्रकार है-

1. सेन्सर/डिवाइस (Sensor/Device) सेन्सर या डिवाइस आस-पास के वातावरण (Environment) से लाइव डेटा एकत्र करने में सहायता करता है| इन सभी डेटा में विभिन्न स्तर की जटिलताएँ (Complexities) हो सकती है| यह एक साधारण तापमान निगरानी सेन्सर (Simple tempreature monitoring sensor) या वीडियो फीड के रूप में हो सकता हैं|

2. कनेक्टिविटी (Connectivity) एकत्र किए गए सभी डेटा को क्लाउड इन्फ्रास्ट्रक्चर में भेजा जा सकता है| संचार के विभिन्न माध्यमों का उपयोग करके सेनसर को क्लाउड से जोड़ा जाता है| ये संचार मीडिया मोबाइल या सेटेलाइट नेटवर्क, ब्लूटूथ, वाई-फाई इत्यादि को शामिल करता है|

3. डेटा प्रोसेसिंग (Data Processing) एक बात डेटा एकत्र किए जाने और क्लाउड पर पहुँच जाने के बाद सॉफ्टवेयर एकत्रित डेटा पर प्रोसेसिंग कर सकता है| यह प्रक्रिया AC या हीटर जैसे उपकरणों के लिए तापमान की जाँच कर सकती है| यह कभी-कभी बहुत जटिल भी हो सकता है जैसे कि वीडियो पर वस्तुओं की पहचान करना|

IoT के अनुप्रयोग (Applications of IoT)

IoT के कुछ मुख्य अनुप्रयोग निम्न हैं-

(i) स्मार्ट घर (Smart Home) ऐसे घरों में सभी उपकरण इंटरनेट से जुड़े होते हैं और इन्हें सेन्सर के द्वारा नियंत्रित किया जाता है| इस सेन्सर के द्वारा घर के दरवाजे, AC, कैमरे, लाइटिंग आदि को नियंत्रित किया जा सकता है|
वर्तमान में बहुत सी कम्पनियाँ अपने उपकरणों में IoT तकनीक का प्रयोग कर रही हैं| Philips, Haier, Samsung जैसी अनेक मल्टीनेशनल कम्पनियाँ IoT तकनीक का प्रयोग कर रही हैं|

(ii) वियरेबल्स (Wearables) इसके अंतर्गत वे सभी डिजिटल उपकरण शामिल होते हैं, जिन्हें हम पहन सकते हैं; जैसे- स्मार्ट घड़ी, स्मार्ट शूज, स्मार्ट क्लॉथ आदि|

(iii) स्मार्ट सिटी (Smart City) इसके अन्तर्गत सेन्सर इन्स्टॉल करके और वेब एप्लीकेशन का उपयोग करके, नागरिक शहर में उपलब्ध पार्किंग स्लॉट आदि पल भर में प्राप्त कर सकते हैं|

IoT के लाभ (Advantages of IoT)

  • किसी भी डिवाइस पर किसी भी समय में और कही से भी जानकारी का उपयोग किया जा सकता है|
  • IoT से जुड़े हुए इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के मध्य बेहतर संचार होता है|
  • कनेक्टेड नेटवर्क पर डाटा पैकेट स्थानान्तरित करने से, समय और धन बचाता है|
  • स्वचालित कार्य व्यवसाय की सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार करने में सहायता करते हैं और मानव हस्तक्षेप की आवश्यकता को कम करते हैं|
  • बेहतर व्यावसायिक निर्णय लेने में सहायता करते हैं|

IoT की हानियाँ (Disadvantages of IoT)

  • हैकर द्वारा गोपनीय जानकारी चुराने की सम्भावना भी बढ़ जाती है|
  • उद्यमों (Enterprises) को सभी उपकरणों से डाटा एकत्र करना और प्रबन्धित करना चुनौतीपूर्ण हो जाता है|
  • यदि सिस्टम में बग या त्रुटि है, तो यह सम्भावना रहती है कि प्रत्येक कनेक्टेड डिवाइस अनुप्रयोगी हो जाएगी|
  • IoT के लिए अनुकूलता का कोई अंतर्राष्ट्रीय मानक (Standard) नहीं हैं, इसलिए विभिन्न निर्माताओं के उपकरणों के लिए एक-दूसरे के साथ संवाद (Communicate) करना कठिन है|

बिग डाटा एनालिटिक्स (Big Data Analytics)

यह उपयोगी जानकारी को सर्च करने के लिए डेटा के बड़े सेट को एकत्रित करने, व्यवस्थित करने और विश्लेषण करने की प्रक्रिया है| इसका उद्देश्य संगठन को बेहतर व्यावसायिक निर्णय लेने, भविष्य की भविष्यवाणी करने, संगठन में किए गए लेन-देन की बड़ी संख्या का विश्लेषण (Analysis) करने और संगठन में उपयोग किए जाने वाले डेटा के रूप को अपडेट करने में सहायता करता है| उदाहरण के लिए, फ्लिपकार्ट, अमेजन जैसी बड़ी ऑनलाइन व्यापार वेबसाइट ग्राहक की जानकारी को देखने के लिए फेसबुक या जी-मेल के डेटा का उपयोग करती है| यह डाटा विभिन्न स्रोतों से एकत्रित किया जाता है, जिसमें सोशल नेटवर्क, वीडियो, डिजिटल इमेज, सेन्सर और बिक्री लेन-देन रिकॉर्ड शामिल है|

बिग डाटा की विशेषताएँ (Characteristics of Big Data)

बिग डाटा की मुख्य विशेषताएँ निम्न हैं

  • विविधता (Variety) बिग डाटा की विविधता कई स्रोतों से एकत्रित किए गए स्ट्रक्चर्ड, अनस्ट्रक्चर्ड और सेमीस्ट्रक्चर्ड डाटा को सन्दर्भित करती है| पहले डाटा केवल स्प्रैडशीट और डाटाबेस से एकत्रित किया जा सकता था, लेकिन अब डाटा ई-मेल, पीडीएफ, फोटो, वीडियो, ऑडियो, आदि रूपों में प्राप्त होता है|
  • वेग (Velocity) यह डेटा की गति को मापता है कि वह कितनी तेजी से उत्पादित (Produced) होता है| इसके अन्तर्गत डेटा, रियल टाइम, मासिक डेटा, ऐतिहासिक डेटा, साप्ताहिक डेटा आदि हो सकता है|
  • परिणाम (Volume) इसका अर्थ डेटा की स्टोरेज क्षमता से है| टैक्स्ट फाइल किलोबाइट (KB) में, ध्वनि (Sound) फाइल मेगाबाइट (MB) में, मूवी फाइल गीगाबाइट (GB) में संग्रहीत होता है|
  • IoT के लिए अनुकूलता का कोई अंतर्राष्ट्रीय मानक (Standard) नहीं हैं, इसलिए विभिन्न निर्माताओं के उपकरणों के लिए एक-दूसरे के साथ संवाद (Communicate) करना कठिन है| Next
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